हवस में अंधी यह महिला टीचर छात्रों को ले जाती थी अकेले में, फिर करती थी ये गंदा काम

आजकल दुनिया भर में महिलाओं से रेप के अनेक समाचार सामने आते हैं लेकिन पुरुषों से रेप की खबरें या तो दब जाती हैं या फिर शर्म के मारे पुरुष उसकी शिकायत नहीं कर पाते हैं। हाल ही में अमेरिका के एक ऐसा मामला सामने आया है जिसने ना ही मात्र टीचर और स्टूडेंट के रिश्ते को शर्मसार किया है बल्कि महिलाएं किस तरह कम उम्र के बच्चों का शोषण करती हैं इसका भी खुलासा हुआ है।

मुस्लिम महिला टीचर करती थी कम उम्र के छात्रों का यौन शोषण
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डेली मेल की एक रिपोर्ट की माने तो उत्तरी न्यू जर्सी के एक जाने माने स्कूल में एक मुस्लिम महिला टीचर पर नाबालिग छात्रों के यौन उत्पीड़न का आरोप लगा है। पासाइक काउंटी अभियोजन पक्ष का कहना है कि प्रॉस्पेक्ट पार्क की 22 वर्षीय शिक्षक लिंडा हर्डन पर बच्चों से आपराधिक यौन संपर्क का आरोप है।

खबर के अनुसार, पीड़ित पक्ष की तरफ से आरोप शुक्रवार को दायर किए गए थे जिसे शनिवार को सार्वजनिक कर दिया गया था। हर्डन जो कि एक मुस्लिम है, वह मैनचेस्टर क्षेत्रीय हाई स्कूल में एक वैकल्पिक शिक्षक के तौर पर काम करती थीं। अभियोजन पक्ष का कहना है कि वायने में गुरुवार को यह घटना घटित हुई थी, लेकिन इस घटना के बारे में अधिक जानकारी नहीं दी गई और पीड़ित एवं अपराधी पक्ष को लेकर कोई खुलासा नहीं किया गया था।

कहा जाता है कि, इस्लामी परंपरा के अनुसार, अपनी यौन इच्छाओं को केवल विवाह के माध्यम से पूरा किया जाना चाहिए। लेकिन सहायक अध्यापिका लिंडा ने ना ही मात्र अपना पारंपरिक नियम तोड़ा बल्कि एक नाबालिग छात्र के साथ संबंध भी बनाए। इसके साथ ही लिंडा ने यह भी कहा कि वह ऐसा अपने उन इस्लामिक नियमों के चलते करने को मजबूर हुयी जो उन्हें ऐसे संबंध बनाने की इजाजत नहीं देता इसलिए उसने अपने छात्रों का ऐसे कामों के लिए इस्तेमाल करना शुरू कर दिया।

मुस्लिम महिला टीचर करती थी कम उम्र के छात्रों का यौन शोषण
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डेली मेल की रिपोर्ट के अनुसार, मुस्लिम महिला टीचर विद्यालय के बाहर छात्र के साथ मुलाकात किया करती थी। लिंडा छात्र को अपनी प्राइवेट फोटो और सेल्फी भी भेजा करती थीं, एक दिन लिंडा वायने के एक स्थान पर पीड़ित छात्र को ले गईं जहाँ पार्क की हुयी कार में उसने छात्र के साथ संबंध बनाये।

बताया जा रहा है, अगर सभी मामलों में अध्यापिका को दोषी ठहराया गया तो उसे लगभग 17 साल की सजा का सामना करना पड़ सकता है। फ़िलहाल मामले की सुनवाई चल रही है और मामला सही पाया गया तो अध्यापिका को जेल और जुर्माना दोनों भरना पड़ सकता है।

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